<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>traffic Archives - आर्यावर्तइण्डियननेशन - aryavartaindiannation</title>
	<atom:link href="http://www.aryavartaindiannation.com/tag/traffic/feed" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://www.aryavartaindiannation.com/tag/traffic</link>
	<description>आर्यावर्तइण्डियननेशन - aryavartaindiannation</description>
	<lastBuildDate>Sat, 07 Jul 2018 08:12:34 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=7.0.7</generator>
	<item>
		<title>पता नहीं कौन लोग मौसम का नाप-तौल-आंकलन करते हैं दिल्ली के मौसम विभाग में</title>
		<link>http://www.aryavartaindiannation.com/state/uncertain-prediction-by-the-officials-of-forecast-department</link>
					<comments>http://www.aryavartaindiannation.com/state/uncertain-prediction-by-the-officials-of-forecast-department#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[शिवनाथ झा]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 07 Jul 2018 08:12:34 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[Delhi]]></category>
		<category><![CDATA[logging]]></category>
		<category><![CDATA[rains]]></category>
		<category><![CDATA[road]]></category>
		<category><![CDATA[traffic]]></category>
		<category><![CDATA[water]]></category>
		<guid isPermaLink="false">http://www.sundaypost.in/?p=626</guid>

					<description><![CDATA[<p>​दिल्ली में मौसम विभाग भी गजब है। ​कहेगा बारिस होगी, तो आएगी सुखाड़। कहेगा आंधी चलने वाली है तो मजाल है कि एक पत्ता भी हिले। कहेगा तापमान ४० से अधिक होने की सम्भावना है तो पूरी दिल्ली और राष्ट्रिय राजधानी क्षेत्र पानी-पानी हो जायेगा। पता नहीं कौन लोग इसके नाप-तौल-आंकलन विभाग में बैठे हैं। [&#8230;]</p>
<p>The post <a href="http://www.aryavartaindiannation.com/state/uncertain-prediction-by-the-officials-of-forecast-department">पता नहीं कौन लोग मौसम का नाप-तौल-आंकलन करते हैं दिल्ली के मौसम विभाग में</a> appeared first on <a href="http://www.aryavartaindiannation.com">आर्यावर्तइण्डियननेशन - aryavartaindiannation</a>.</p>
]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>​दिल्ली में मौसम विभाग भी गजब है। ​कहेगा बारिस होगी, तो आएगी सुखाड़। कहेगा आंधी चलने वाली है तो मजाल है कि एक पत्ता भी हिले। कहेगा तापमान ४० से अधिक होने की सम्भावना है तो पूरी दिल्ली और राष्ट्रिय राजधानी क्षेत्र पानी-पानी हो जायेगा। पता नहीं कौन लोग इसके नाप-तौल-आंकलन विभाग में बैठे हैं। फिर सोचता हूँ, आखिर वे भी तो &#8220;इसी समाज के लोगबाग&#8221; हैं न। </p>
<p>कल की ही तो बात है दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार और जम्मू कश्मीर सहित 13 राज्यों में मूसलाधार बारिश की मौसम विभाग द्वारा जारी की गयी चेतावनी के मद्देनजर राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) की 89 टीमों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। </p>
<p>एनडीआरएफ की ओर से आज बताया गया कि इन राज्यों में बारिश के दौरान बाढ़ की आशंका वाले इलाकों में 45 टीमों को तैनात कर दिया गया है। बाढ़ की आपदा के दौरान किसी भी संभावित स्थिति से निपटने में सक्षम और विशेष प्रशिक्षण प्राप्त राहत एवं बचाव कर्मियों को इन टीमों में शामिल किया गया है। </p>
<p>​अब आप ही सोचिये दिल्ली में जहाँ वर्षों से ​भूमिगत नालों की सफाई नहीं हुयी उस रास्ते पानी कहाँ से निकलेगी ? सड़कों का निर्माण तो हो गया, परन्तु सड़क के किनारे मिटटी जमी पड़ी है, सड़कों का ढलान ऐसा है कि पानी निकलने का रास्ता नहीं है। इस स्थिति में प्रशिक्षण प्राप्त आपदा कार्यकर्त्ता भी क्या करेंगे। हाँ पानी में घुसेंगे तो जरूर, परन्तु मन ही मन किसे कोसेंगे, यह तो भगवान् ही बता सकते हैं, या फिर वे प्रशिक्षित अधिकारी। </p>
<p>इनमें से सर्वाधिक असम में 12 टीमें, बिहार में सात, गुजरात, जम्मू कश्मीर और उत्तराखंड में चार चार तथा अरुणाचल प्रदेश एवं पश्चिम बंगाल में तीन तीन टीमें भेजी गयी है। दिल्ली और पंजाब में दो दो एवं उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, सिक्किम और त्रिपुरा में एक एक टीम भेजी गयी है।</p>
<p>एनडीआरएफ की इन टीमों ने असम सहित अन्य राज्यों में बाढ़ की आशंका वाले इलाकों से अब तक 13550 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेज दिया है। साथ ही इन इलाकों में स्थानीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरणों के साथ मिलकर स्कूल तथा अन्य स्थानों पर बाढ़ की स्थिति से निपटने के बारे में जागरुकता अभियान चलाया जा रहा है। </p>
<p>उल्लेखनीय है कि मौसम विभाग ने आज से लेकर नौ जुलाई तक कोंकण एवं गोवा में कुछ स्थानों पर मूसलाधार बारिश होने की चेतावनी जारी की है। जबकि मध्य महाराष्ट्र, विदर्भ, छत्तीसगढ़, पश्चिम बंगाल, गुजरात, मराठवाड़ा क्षेत्र, तेलंगाना, कर्नाटक के तटीय और भीतरी इलाकों एवं पूर्वोत्तर के सभी राज्यों में कुछ स्थानों पर भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। </p>
<p>मौसम विभाग ने तमिलनाडु, रायलसीमा, तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और कनार्टक में कुछ स्थानों पर तूफान और तेज हवाओं के साथ बारिश की आशंका व्यक्त की है। वहीं राजधानी दिल्ली में आज दोपहर बाद कुछ इलाकों में तेज हवाओं के साथ बारिश ने उमस भरी गर्मी से राहत दी।</p>
<p>दिल्ली में अगले तीन दिनों तक आंशिक बादल छाये रहने के बाद नौ और दस जुलाई को गरज बरस के साथ बारिश की बौछारें मौसम को खुशगवार बनायेंगी। विभाग ने 11 जुलाई को दिल्ली के अधिकांश इलाकों में तूफान और तेज बारिश की आशंका जतायी है। </p>
<p>इस बीच आगामी 11 जुलाई तक राष्ट्रीय राजधानी में न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस रहने का पूर्वानुमान है। जबकि आठ जुलाई को यह 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है। इसके बाद मानसून की सक्रियता में बढ़ोतरी का दौर शुरु होने पर नौ तारीख से अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की जायेगी। इसके 11 जुलाई को 36 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की उम्मीद है। ​(भाषा के सहयोग से)​</p>
<p>The post <a href="http://www.aryavartaindiannation.com/state/uncertain-prediction-by-the-officials-of-forecast-department">पता नहीं कौन लोग मौसम का नाप-तौल-आंकलन करते हैं दिल्ली के मौसम विभाग में</a> appeared first on <a href="http://www.aryavartaindiannation.com">आर्यावर्तइण्डियननेशन - aryavartaindiannation</a>.</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>http://www.aryavartaindiannation.com/state/uncertain-prediction-by-the-officials-of-forecast-department/feed</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
